Breaking
*महंगाई, बेरोजगारी एवं डीज़ल-पेट्रोल की कीमतों पर नियंत्रण करने सहित कमी दूर करने सीपीआई ने 6 मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा**एक प्रवक्ता के ‘आखेट’ में झलकती डॉ.आंबेडकर के विचारों से घृणा!**बस्तर में सड़कों और पुलों के काम में आएगी तेजी, लोक निर्माण विभाग के सचिव ने अधिकारियों व ठेकेदारों की ली बैठक**सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत की ‘परजीवी’ और ‘कॉकरोच’ वाली टिप्पणी पर मनोज झा की खुली चिट्ठी**जिला कोंडागाँव में नवीन जिला एवं सत्र न्यायालय भवन के निर्माण से बेहतर कार्य-वातावरण निर्मित होगा एवं न्यायिक प्रक्रिया में तेजी के साथ उच्च गुणवत्तायुक्त न्याय सुविधापूर्वक सुलभ हो सकेगा–माननीय श्री न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा मुख्य न्यायाधीश छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर**मुख्य न्यायाधिपति छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर श्री न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा, द्वारा प्रधान जिला एवं सत्र न्यायालय भवन,कोण्डागांव का भूमि पूजन एवं शिलान्यास**शिक्षा में गुणात्मक सुधार एवं बोर्ड परीक्षा में बेहतर परिणाम हेतु टीचर्स एसोसिएशन ने शासन को दिया ज्ञापन**जिला न्यायालय परिसर कोण्डागांव में आयोजित नेशनल लोक अदालत**कोंडागांव में बनेगा मल्टी यूटिलिटी सेंटर**अण्डर ट्रायल रिव्यू कमेटी, मॉनिटरिंग सेल,नेशनल लोक अदालत एवं हिट एंड रन के संबंध में जिले के अधिकारियों के साथ बैठक हुआ सम्पन्न*

कोंडागांवछत्तीसगढ़ / मध्यप्रदेश

*कांटागांव कन्या आश्रम में पांचवीं की छात्रा ने फांसी लगाकर दी जान, जांच में जुटा प्रशासन*

*छत्तीसगढ़ आजतक,कोण्डागांव, 11 अक्टूबर 2025*

जिले के माकड़ी विकासखण्ड के कांटागांव स्थित आदिवासी कन्या आश्रम में शनिवार को एक 11 वर्षीय छात्रा चंपा नेताम पिता रामचंद निवासी बिवला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतका आश्रम में कक्षा पहली से निवासरत थी और वर्तमान में कक्षा पांचवीं की छात्रा थी।

घटना शनिवार सुबह लगभग 10 बजे की बताई जा रही है। आश्रम की छात्रा लालिमा सोरी ने बताया कि वह जब घटना वाले कक्ष में गई, तो चंपा नेताम को अपने स्कूल यूनिफार्म की टाई से खिड़की में लटका हुआ देखा। लालिमा ने बिना किसी शिक्षक या अधीक्षिका को सूचना दिए कैची से टाई काटकर चंपा को नीचे उतारा। इसके बाद शिक्षकों को जानकारी दी गई और तत्काल बच्ची को माकड़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

घटना की जानकारी मिलते ही एसडीएम अजय उरांव, सहायक आयुक्त कृपेंद्र तिवारी, तहसीलदार, खंड शिक्षा अधिकारी एवं अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटना स्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। शव का **पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया गया है।

इधर, गांव के सरपंच मोतीराम मरकाम ने बताया कि उन्हें सुबह 10:45 बजे आश्रम शाला से कॉल आया कि छात्रा बेहोश हो गई है। उन्होंने तत्काल स्वास्थ्य कार्यकर्ता को सूचित किया। सरपंच ने बताया कि यह घटना बच्चों के भोजन के समय की है। ऐसे में यदि कोई बच्चा अनुपस्थित था तो आश्रम स्टाफ को इसकी जानकारी होनी चाहिए थी। सरपंच ने इसे आश्रम प्रशासन की गंभीर लापरवाही बताया।

वहीं बिवला गांव के सरपंच लक्ष्मण नेताम ने परिजनों की ओर से गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बच्ची को पिछले मंगलवार को ही आश्रम में छोड़ा गया था और वह पूरी तरह मानसिक व शारीरिक रूप से स्वस्थ थी। उन्होंने कहा कि घटना सुबह 10 बजे की है, लेकिन परिजनों को दोपहर 12 बजे के बाद जानकारी दी गई। आश्रम अधीक्षिका या स्टाफ द्वारा तत्काल सूचना न दिया जाना संदेहास्पद है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पहले बच्ची के स्वास्थ्य खराब होने का बहाना बनाकर परिजनों को भ्रमित किया गया। सरपंच ने उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई आवश्यक है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोहराई न जाएं।

इस संबंध में आदिम जाति कल्याण विभाग के सहायक आयुक्त कृपेंद्र तिवारी ने बताया कि, घटना की जानकारी लगते ही एसडीएम अजय उरांव, तहसीलदार, पुलिस, खंड शिक्षा अधिकारी, जनप्रतिनिधि व अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे हैं। यह घटना शाला संचालन के समय की है, इसलिए जांच का विषय है कि बच्ची को फांसी लगाने तक किसी को भनक क्यों नहीं लगी। जांच पूरी होने के बाद दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

एसडीएम अजय उरांव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में छात्रा अपनी टाई से खिड़की में लटकते हुए पाई गई है। उन्होंने कहा कि शव परीक्षण रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि यह आत्महत्या थी या हादसा।

Chhattisgarh Aaj Tak

Related Articles