*बीजापुर में हादसों को खुला न्योता: नेशनल हाईवे के डिवाइडर पर दौड़ रहा 440 वोल्ट का करंट, दो बार लग चुकी है आग*

*छत्तीसगढ़ आजतक, बीजापुर 25 सितम्बर 2025*
बीजापुर: शहर के बीचों-बीच नेशनल हाईवे पर स्ट्रीट लाइट की खुली पड़ी केबल एक बड़े खतरे का सबब बन गई है। डिवाइडर पर जगह-जगह से कटी और लटकती इस 440 वोल्ट की लाइन के कारण आम लोगों की सुरक्षा दांव पर लगी है। यह लापरवाही इस हद तक है कि बीते कुछ महीनों में इस केबल में दो बार आग लगने की घटनाएं भी हो चुकी हैं, लेकिन प्रशासन अब भी किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है।
सड़क पर बिखरी मौत, प्रशासन मौन
नेशनल हाईवे के डिवाइडर पर यह खतरनाक केबल कई जगहों से बिना किसी कवर के पड़ी है। इसके नीचे सड़क पर भी कटे-फटे तार बिखरे हुए हैं, जो बच्चों, राहगीरों और वाहन चालकों के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं। रात के समय अक्सर मवेशी इसी सड़क पर बैठते हैं, जिससे उनके लिए भी खतरा बना रहता है। बारिश के मौसम में यह स्थिति और भी भयावह हो जाती है, क्योंकि पानी के संपर्क में आने से करंट फैलने का डर कई गुना बढ़ जाता है।
आग लगने की घटनाओं के बाद भी नहीं चेते अधिकारी
यह कोई नई समस्या नहीं है। कुछ महीने पहले बीएसएनएल कार्यालय के सामने और हाल ही में पुराने बस स्टैंड के पास इसी केबल में आग लग चुकी है। यह तो महज़ एक संयोग था कि इन दोनों घटनाओं में कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ। लेकिन इन चेतावनियों के बावजूद, जिम्मेदार विभाग ने इस समस्या का कोई स्थायी समाधान निकालने की जहमत नहीं उठाई है।
कौन है जिम्मेदार?
शहर के नागरिक इस लापरवाही से बेहद नाराज़ हैं। वरिष्ठ नागरिक राजू गांधी ने मांग की है कि “केबल को या तो कंक्रीट से सुरक्षित किया जाए या फिर उसे खंभों के ऊपर से ले जाया जाए।” वहीं, स्थानीय व्यापारी सुधीर ने केबल बिछाने के काम की गुणवत्ता पर ही सवाल उठाए हैं।
इस मामले में जब अधिकारियों से बात की गई तो अनुविभागीय अधिकारी दुर्वेशा ने बताया कि यह काम जगदलपुर के ठेकेदार द्वारा किया गया था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विद्युत लाइन के रखरखाव की पूरी जिम्मेदारी नगर पालिका निगम की है।



