*कोण्डागांव प्रवास पर पहुंचे राज्य सभा सदस्य पी संतोश कुमार*

राज्य में आदिवासियों पर हो रहा है अन्याय, सरकार दिखा रही दोहरा चेहरा- पी संतोश
*छत्तीसगढ़ आजतक,कोण्डागांव 05 सितम्बर 2025*
कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (सीपीआई) के राज्य सभा सदस्य एवं छत्तीसगढ़ राज्य प्रभारी पी.संतोष कुमार छत्तीसगढ़ राज्य प्रवास पर बुधवार को कोण्डागांव में पहुंचे, जहां सीपीआई जिला परिशद् कोण्डागांव के सदस्यों ने उनका स्वागत किया। सीपीआई जिला परिशद् कोण्डागांव के सदस्यों के साथ पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस कोण्डागांव में आयोजित बैठक में पी.संतोष कुमार ने पार्टी की संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा किया और पार्टी को मज़बूती से आगे बढ़ाने और जनता की समस्याओं के समाधान के लिए निरंतर संघर्श करते हुए सीधे जुड़े रहने की रणनीति पर चर्चा करते हुए सांसद ने कहा कि आदिवासियों और आम जनता से झूठ बोलकर, राज्य सरकार सत्ता में आई है। सरकार दोहरी नीति अपना रही है। एक ओर आदिवासी समाज के अधिकार और विकास की बातें करती है, तो दूसरी ओर उन्हीं के अधिकारों का हनन कर रही है। उन्होंने कहा कि सीपीआई की जिम्मेदारी है कि सरकार के असली चेहरे को उजागर करके जनता के बीच रखे, ताकि लोग समझ सकें कि भाजपा किस तरह छल और भ्रम की राजनीति कर रही है।
आदिवासियों के साथ हो रहे अन्याय पर जताया चिंता
वहीं प्रेस से चर्चा के दौरान सांसद पी.संतोष कुमार ने कहा कि बस्तर के जनजातीय समाज के साथ लगातार अन्याय हो रहा है। माओवाद के नाम पर स्थानीय युवाओं की हत्याएँ हो रही है। सीपीआई कभी भी माओवाद का समर्थन नहीं करती, बल्कि माओवादी हिंसा से पार्टी को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने बताया कि चुनाव के समय माओवादियों ने सीपीआई के गाड़ियों को जला दिया था और कार्यकर्ताओं पर हमले किए थे।
सांसद ने कहा “माओवाद के नाम पर जिन नौजवानों की हत्या हो रही है, वे भी इसी समुदाय से हैं और जो हत्या कर रहे हैं, वे भी इसी समुदाय से हैं। यदि किसी पर आरोप है, तो उसे सीधे मौत के घाट उतारने के बजाय कानून के हवाले किया जाना चाहिए। यह देश संविधान से चलता है और टेक्नोलॉजी के इस युग में कोई भी अपराधी बच नहीं सकता।”
राज्य और देष की प्रमुख समस्या है महंगाई और बेरोजगारी
सांसद ने कहा कि आतंकवाद या माओवाद नहीं बल्कि राज्य और देष की प्रमुख और बड़ी समस्या महंगाई और बेरोजगारी है। आज महंगाई चरम पर है और बेरोजगारी सबसे बड़ी समस्या बनी हुई है। रोजगार के अभाव में स्थानीय नौजवान भटकाव का शिकार हो रहे हैं और हालात का उन्हें माओवाद की ओर धकेल रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सीपीआई इन सवालों को मजबूती से उठाएगी और जनता के हक की लड़ाई लड़ेगी।
सांसद ने विश्वास जताया कि सीपीआई की नीतियाँ और संघर्षशील राजनीति ही बस्तर के आदिवासी समाज को न्याय दिला सकती है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील किया कि वे गांव-गांव जाकर जनता के बीच सच को पहुँचाएँ और संगठन को मज़बूत करें।
राज्य सभा सदस्य एवं छत्तीसगढ़ राज्य प्रभारी पी.संतोष कुमार से मुलाकात के दौरान तिलक पाण्डे, षैलष, जयप्रकाष, दिनेष, सोमारु, सरादू, बिसम्बर, रामचंद, दुबेष, घसियाराम, रमेष, चंदर आदि कम्युनिश्ट उपस्थित रहे।



